हस्तशिल्प विपणन प्रोत्साहन योजना
उत्तर प्रदेश में, हस्तशिल्पकार कालीन, चूड़ी, ताला, जरी-जरदोसी, हथकरघा, चिकनकारी, पत्थर की नक्काशी, लकड़ी की नक्काशी, काली मिट्टी के बर्तन, बांस, लकड़ी के खिलौने, टेराकोटा, पीतल की कला, जूट की दीवार पर लटकने वाली वस्तुएं आदि विभिन्न हस्तशिल्पों में अपना अमूल्य योगदान देते हैं। इसके अलावा, अधिकांश हस्तशिल्पकार कुशल होने के बावजूद बहुत गरीब हैं।
राज्य के हस्तशिल्पकारों को अपने उत्पादों के विपणन के लिए विभिन्न मेलों में भाग लेने में सक्षम बनाने के लिए, राज्य परिवहन और स्टॉल किराए पर होने वाले खर्चों की प्रतिपूर्ति के लिए अधिकतम 2 मेलों के लिए 10,000 रुपये प्रति मेले की दर से 20,000 रुपये की राशि प्रदान करेगा। इस योजना का लाभ उठाने के लिए कारीगर के पास कारीगर कार्ड होना आवश्यक है।
आवेदन ऑनलाइन https://diupmsme.upsdc.gov या https://msme.up.gov.in लिंक के माध्यम से किया जा सकता है।
सम्पर्क अधिकारी – श्रीमान सहायक आयुक्त उद्योग,गाजियाबाद ।
मो0न0 – 9450583172